अपने जिले की आवाज़ बनें! Seemanchal Live में रिपोर्टर बनने के लिए अभी आवेदन करें।
BREAKING
'PM मोदी ने बिहार भेजा है', बाढ़ में डूबे खेतों तक ट्रैक्टर से पहुंचे शिवराज, किसानों को दिया भरोसाSujeet Paswan: बिहार के विधायक सुजीत पासवान कौन हैं, जिन्हें रूस के चुनाव में बनाया गया पर्यवेक्षकबिहार ब्रेकिंग न्यूज़, पढ़ें 16 सितम्बर के मुख्य और ताजा समाचारपश्चिम बंगाल चिकित्सा परिषद ने रद्द किया बिहार के फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल करने वाले 5 डॉक्टरों का पंजीकरण"प्रश्न-पत्र की फोटो असली या नकली", बिहार दारोगा भर्ती धांधली में EOU को BPSSC से चाहिए इन 6 सवालों बड़े के...JDU का नीतीशकरण तो बहाना है, असली मकसद 'निशांत उदय'! बिहार की राजनीति चलाएंगे सियासी पुत्रबिहार में किसानों के लिए बड़ी राहत, सरकार ने घटाई ड्रोन छिड़काव की दर,जानें नई कीमतबिहार पंचायत चुनाव में EBC आरक्षण का नया फॉर्मूला, पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश का बड़ा बयान, परिसीमन पर ...SSB ने 9.5 किलो गांजा जब्त किया, सीमा पर हाई अलर्टबिहार पंचायत चुनाव में EBC आरक्षण की तैयारी, कहार-कुम्हार-धानुक-लोहार-तेली समेत 122 जातियों को फायदाक्या नाराज हैं बिहार के DGP विनय कुमार? आखिर क्यों गए हैं 20 दिनों की छुट्टी पर'PM मोदी ने बिहार भेजा है', बाढ़ में डूबे खेतों तक ट्रैक्टर से पहुंचे शिवराज, किसानों को दिया भरोसाSujeet Paswan: बिहार के विधायक सुजीत पासवान कौन हैं, जिन्हें रूस के चुनाव में बनाया गया पर्यवेक्षकबिहार ब्रेकिंग न्यूज़, पढ़ें 16 सितम्बर के मुख्य और ताजा समाचारपश्चिम बंगाल चिकित्सा परिषद ने रद्द किया बिहार के फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल करने वाले 5 डॉक्टरों का पंजीकरण"प्रश्न-पत्र की फोटो असली या नकली", बिहार दारोगा भर्ती धांधली में EOU को BPSSC से चाहिए इन 6 सवालों बड़े के...JDU का नीतीशकरण तो बहाना है, असली मकसद 'निशांत उदय'! बिहार की राजनीति चलाएंगे सियासी पुत्रबिहार में किसानों के लिए बड़ी राहत, सरकार ने घटाई ड्रोन छिड़काव की दर,जानें नई कीमतबिहार पंचायत चुनाव में EBC आरक्षण का नया फॉर्मूला, पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश का बड़ा बयान, परिसीमन पर ...SSB ने 9.5 किलो गांजा जब्त किया, सीमा पर हाई अलर्टबिहार पंचायत चुनाव में EBC आरक्षण की तैयारी, कहार-कुम्हार-धानुक-लोहार-तेली समेत 122 जातियों को फायदाक्या नाराज हैं बिहार के DGP विनय कुमार? आखिर क्यों गए हैं 20 दिनों की छुट्टी पर

Article Advertisement

Bihar

पूर्व विधायक विश्वनाथ गुरमैता की 41वीं पुण्यतिथि मनाई गई, कॉलेज परिसर में दी गई श्रद्धांजलि

विश्वनाथ गुरमैता पुण्यतिथि: सरायगढ़ में श्रद्धांजलि सभा, शिक्षा और समाज सेवा को किया याद विश्वनाथ गुरमैता पुण्यतिथि के अवसर पर सरायगढ़ के बीएन इंटर कॉलेज भपटियाही परिसर में बुधवार को एक भव्य श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस मौके पर बड़ी संख्या में परिजन, स्थानीय जनप्रतिनिधि, शिक्षाविद और सामाजि

पूर्व विधायक विश्वनाथ गुरमैता की 41वीं पुण्यतिथि मनाई गई, कॉलेज परिसर में दी गई श्रद्धांजलि

Article Advertisement

विश्वनाथ गुरमैता पुण्यतिथि: सरायगढ़ में श्रद्धांजलि सभा, शिक्षा और समाज सेवा को किया याद विश्वनाथ गुरमैता पुण्यतिथि के अवसर पर सरायगढ़ के बीएन इंटर कॉलेज भपटियाही परिसर में बुधवार को एक भव्य श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस मौके पर बड़ी संख्या में परिजन, स्थानीय जनप्रतिनिधि, शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित हुए और उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। प्रतिमा पर माल्यार्पण कर दी श्रद्धांजलि कार्यक्रम में कॉलेज परिसर स्थित स्व. विश्वनाथ गुरमैता की प्रतिमा पर सभी उपस्थित लोगों ने पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। इस अवसर पर कॉलेज के अध्यक्ष मंजू देवी, प्रमुख विजय कुमार यादव, प्राचार्य प्रो. सूर्य नारायण मेहता सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। समाजसेवी और उनके पुत्र चंद्र नारायण गुरमैता उर्फ ललन सहित कई पंचायत प्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों ने भी श्रद्धांजलि दी। शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा योगदान वक्ताओं ने अपने संबोधन में स्व. विश्वनाथ गुरमैता के योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में ऐतिहासिक कार्य किए। 1983 में बीएन इंटर कॉलेज की स्थापना छात्रों के लिए भूमि दान कोसी क्षेत्र के विद्यार्थियों को शिक्षा से जोड़ने का प्रयास उनकी सोच थी कि ग्रामीण और पिछड़े इलाकों के छात्र-छात्राओं को बेहतर शिक्षा मिले और वे आगे बढ़ सकें। राजनीतिक और सामाजिक जीवन भी रहा सक्रिय प्राचार्य प्रो. सूर्य नारायण मेहता ने बताया कि विश्वनाथ गुरमैता का राजनीतिक और सामाजिक जीवन भी बेहद प्रभावशाली रहा। उनकी प्रमुख उपलब्धियां: 1976 में बिहार विधान परिषद सदस्य निर्वाचित 1980 और 1985 में किशनपुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक जिला कांग्रेस कमेटी में अहम भूमिका पंचायत और जिला स्तर पर कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्य इसके अलावा वे कई शैक्षणिक और सामाजिक संस्थाओं से जुड़े रहे और क्षेत्र के विकास में अहम योगदान दिया। कई महत्वपूर्ण पदों पर रहे आसीन विश्वनाथ गुरमैता ने अपने जीवनकाल में कई जिम्मेदार पदों पर काम किया, जिनमें शामिल हैं: भारत सेवक समाज महाविद्यालय, सुपौल के संयोजक करजाइन पंचायत के मुखिया जिला पार्षद उपाध्यक्ष कोसी क्षेत्र विकास प्राधिकरण के सदस्य ललित नारायण मिश्र महाविद्यालय, बीरपुर के प्रबंध समिति सचिव इन सभी भूमिकाओं में उन्होंने समाज सेवा और विकास को प्राथमिकता दी। मुख्यमंत्री द्वारा हुआ था प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि 23 मार्च 2018 को बिहार के मुख्यमंत्री Nitish Kumar द्वारा उनकी प्रतिमा का अनावरण किया गया था। यह उनके प्रति सम्मान और उनके योगदान की स्वीकृति का प्रतीक है। बड़ी संख्या में लोग रहे मौजूद श्रद्धांजलि सभा में कई प्रमुख लोग शामिल हुए, जिनमें: पूर्व विधायक प्रमोद कुमार सिंह पूर्व प्राचार्य अवध नारायण सिंह राघोपुर प्रमुख मो. फिदा हुसैन उप प्रमुख ओंकार नाथ गुरमैता डॉ. रमेश प्रसाद यादव सुशील कुमार मोदी सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति इसके अलावा कॉलेज के कर्मचारी, छात्र और स्थानीय लोग भी बड़ी संख्या में मौजूद रहे। कोसी क्षेत्र के लिए प्रेरणा बने गुरमैता वक्ताओं ने कहा कि स्व. विश्वनाथ गुरमैता सिर्फ एक राजनेता नहीं, बल्कि एक दूरदर्शी समाजसेवी और शिक्षाविद थे। उनके द्वारा किए गए कार्य आज भी लोगों के लिए प्रेरणा हैं। उनकी सोच और प्रयासों की वजह से कोसी क्षेत्र में शिक्षा का स्तर बेहतर हुआ और हजारों छात्र-छात्राओं को आगे बढ़ने का मौका मिला। निष्कर्ष विश्वनाथ गुरमैता पुण्यतिथि पर आयोजित यह कार्यक्रम उनके योगदान को याद करने और नई पीढ़ी को प्रेरित करने का अवसर बना। उनके आदर्श, शिक्षा के प्रति समर्पण और समाज सेवा की भावना आज भी लोगों के दिलों में जीवित है। FAQs 1. विश्वनाथ गुरमैता कौन थे? वे बिहार के पूर्व विधायक और समाजसेवी थे। 2. उनकी पुण्यतिथि कहां मनाई गई? सरायगढ़ के बीएन इंटर कॉलेज भपटियाही परिसर में। 3. उन्होंने कौन सा कॉलेज स्थापित किया था? बीएन इंटर कॉलेज, भपटियाही। 4. उनकी प्रमुख उपलब्धियां क्या थीं? विधान परिषद सदस्य, विधायक और कई सामाजिक पदों पर कार्य। 5. उनकी प्रतिमा का अनावरण किसने किया था? मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने। 6. कार्यक्रम में कौन-कौन शामिल हुए? परिजन, जनप्रतिनिधि, शिक्षाविद और स्थानीय नागरिक।

What do you think?

Leave a Comment

Article Bottom Advertisement

यह भी पढ़ें

Trending News

Most Read