अपने जिले की आवाज़ बनें! Seemanchal Live में रिपोर्टर बनने के लिए अभी आवेदन करें।
BREAKING
बिहार से सटे जिलों की खुद निगरानी करेंगे एडीजीभारत नेपाल सीमा पर बैद्यनाथपुर में एक सप्ताह से जारी आन्दोलन स्थगितबिहार में बाढ़ से टूटे मकान पीएम आवास से बनेंगे! शिवराज ने पटना से भागलपुर तक सर्वे किया, केंद्र से मदद दिलाएंगेनेपाल से तस्करी कर लाई जा रही शराब पकड़ी: SSB और पुलिस ने गन्ने के खेत में नाका लगाकर 90 बोतल जब्त की नेपाल...बिहार में बाढ़ ने रोके टीचर ट्रांसफर, शिक्षा विभाग ने सामान्य तबादलों के आवेदन की तारीख आगे बढ़ाई'नीतीश कुमार के लिए पाप धोने का समय आ गया', भाई वीरेंद्र बोले- BJP से अलग होकर महागठबंधर की सरकार बनाएंउम्र नहीं बनेगी पढ़ाई में बाधा, बिहार में जीविका दीदियों को 10वीं-12वीं पास कराने की पहलबिहार सड़क हादसा: एनएच-28 पर दो बाइकों की जोरदार टक्कर, दो की मौत; परिवारों में मचा कोहरामघर बनाने के लिए मिलेगा प्लॉट, 15 से 30 दिन में जमीन नहीं मिली तो ₹1 लाख देगी बिहार सरकारभाई वीरेंद्र के ऑफर को नहीं मिला जेडीयू से भाव, अब निशांत को सीएम बनाने के सवाल पर भी बोलेब‍िहार बॉर्डर पर पकड़ी गई 'अमेरिकी मेम' का सच आया सामने! नेपाल के प्रेमी से शादी के लिए खरीदारी करने आई थी भारतबिहार से सटे जिलों की खुद निगरानी करेंगे एडीजीभारत नेपाल सीमा पर बैद्यनाथपुर में एक सप्ताह से जारी आन्दोलन स्थगितबिहार में बाढ़ से टूटे मकान पीएम आवास से बनेंगे! शिवराज ने पटना से भागलपुर तक सर्वे किया, केंद्र से मदद दिलाएंगेनेपाल से तस्करी कर लाई जा रही शराब पकड़ी: SSB और पुलिस ने गन्ने के खेत में नाका लगाकर 90 बोतल जब्त की नेपाल...बिहार में बाढ़ ने रोके टीचर ट्रांसफर, शिक्षा विभाग ने सामान्य तबादलों के आवेदन की तारीख आगे बढ़ाई'नीतीश कुमार के लिए पाप धोने का समय आ गया', भाई वीरेंद्र बोले- BJP से अलग होकर महागठबंधर की सरकार बनाएंउम्र नहीं बनेगी पढ़ाई में बाधा, बिहार में जीविका दीदियों को 10वीं-12वीं पास कराने की पहलबिहार सड़क हादसा: एनएच-28 पर दो बाइकों की जोरदार टक्कर, दो की मौत; परिवारों में मचा कोहरामघर बनाने के लिए मिलेगा प्लॉट, 15 से 30 दिन में जमीन नहीं मिली तो ₹1 लाख देगी बिहार सरकारभाई वीरेंद्र के ऑफर को नहीं मिला जेडीयू से भाव, अब निशांत को सीएम बनाने के सवाल पर भी बोलेब‍िहार बॉर्डर पर पकड़ी गई 'अमेरिकी मेम' का सच आया सामने! नेपाल के प्रेमी से शादी के लिए खरीदारी करने आई थी भारत

Article Advertisement

Politics

बिहारः सरकारी कर्मियों की लेट लतीफी नहीं चलेगी, देर से दफ्तर आए तो होगी यह कार्रवाई

बिहारः सरकारी कर्मियों की लेट लतीफी नहीं चलेगी, देर से दफ्तर आए तो होगी यह कार्रवाई ऑफिस आने में सरकारी कर्मियों की लेट लतीफी अब नहीं चलेगी। समय पर नहीं पहुंचे तो तत्काल कार्रवाई होगी। राज्य सरकार ने प्रखंड, जिला, प्रमंडल और मुख्यालय स्तर के सभी दफ्तरों में तैनात कर्मियों को समय पर आने को लेकर सख्त

बिहारः सरकारी कर्मियों की लेट लतीफी नहीं चलेगी, देर से दफ्तर आए तो होगी यह कार्रवाई

Article Advertisement

बिहारः सरकारी कर्मियों की लेट लतीफी नहीं चलेगी, देर से दफ्तर आए तो होगी यह कार्रवाई ऑफिस आने में सरकारी कर्मियों की लेट लतीफी अब नहीं चलेगी। समय पर नहीं पहुंचे तो तत्काल कार्रवाई होगी। राज्य सरकार ने प्रखंड, जिला, प्रमंडल और मुख्यालय स्तर के सभी दफ्तरों में तैनात कर्मियों को समय पर आने को लेकर सख्त दिशा-निर्देश जारी किया है। जो कर्मी समय पर नहीं आयेंगे, सजा के तौर पर उनकी आधे दिन की छुट्टी काटी जाएगी। सरकार के इस फैसले से आमजनों को काफी राहत मिलेगी। अभी सरकारी दफ्तरों में आधा घंटा लेट आना सामान्य बात है और एक घंटे तक की देरी को कर्मी अपना हक मानते हैं। आम जनों ने इसे लगभग स्वीकार कर लिया है कि सरकारी दफ्तरों में 11 बजे से पहले जाने पर समय बर्बाद होता है। इसे देखते हुए सरकार ने यह सख्त कदम उठाया है। इस आदेश का पालन पूरी सख्ती से करने का निर्देश सामान्य प्रशासन विभाग के प्रधान सचिव डॉ. बी राजेन्दर ने सभी डीएम, प्रमंडलीय आयुक्त से लेकर डीजीपी और सभी विभागों के प्रमुखों को दिया है। सभी कर्मियों को अनिवार्य रूप से बॉयोमेट्रिक से हाजिरी बनानी होगी। कोई कर्मी एक घंटा लेट कार्यालय आएंगे, तो उनकी आधे दिन की छुट्टी उनके आकस्मिक छुट्टी (सीएल) की संख्या से कट जाएगी। इसके बाद भी कोई कर्मचारी बार-बार देर से कार्यालय आते हैं, तो संबंधित सक्षम प्राधिकार उनके खिलाफ अनुशासनिक कार्रवाई करेंगे। किसी विशेष परिस्थिति में सक्षम प्राधिकार से पूर्व अनुमति लेकर कोई भी कर्मचारी या पदाधिकारी महीने में अधिकतम दो दिन देर से कार्यालय आ सकते हैं। वित्त विभाग ने आगामी वित्तीय वर्ष 2023-24 का नया बजट तैयार करने की कवायद शुरू कर दी है। इसे लेकर सभी विभागों को इस बार निर्देश दिया गया है कि जितनी जरूरत हो, सिर्फ उतने ही खर्च का बजट तैयार करें। सभी विभागों को 28 अक्टूबर तक बजट प्राक्कलन वित्त विभाग को उपलब्ध कराने को कहा गया है। इसमें गैर-जरूरी खर्चों को बजट में समाहित नहीं करने की हिदायत दी गयी है। कोविड-19 के कारण राजस्व संग्रह पर दबाव लगातार बढ़ रहा है। इसके मद्देनजर खर्च की अत्यावश्यकता की गहन समीक्षा करने के बाद ही इसका प्रारूप तैयार किया जायेगा। राजस्व घाटा को शून्य और राजकोषीय घाटे को सकल घरेलू उत्पाद के तीन प्रतिशत की अधिसीमा तक रखा जाना है। इसलिए बजट प्राक्कलन या लेखा-जोखा तैयार करने में इस वित्तीय अनुशासन का खासतौर से ध्यान रखें। वित्त विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस सिद्धार्थ ने इसे लेकर सभी विभागों को लिखित आदेश जारी किया है

What do you think?

Leave a Comment

Article Bottom Advertisement

यह भी पढ़ें

Trending News

Most Read