अपने जिले की आवाज़ बनें! Seemanchal Live में रिपोर्टर बनने के लिए अभी आवेदन करें।
BREAKING
सीमा पर तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, लैलोखर में 102 लीटर नेपाली शराब बरामदबिहार में सरकारी योजनाओं और विकास कार्यों पर जोर, विभागों की गतिविधियां तेजभारत और वेस्टइंडीज के बीच टी20 मुकाबले से पहले बढ़ी चुनौती, भारतीय टीम की गेंदबाजी पर उठे सवालदुर्गा पूजा के रंग में रंगा बॉलीवुड, काजोल ने परिवार के साथ मनाया उत्सवAI एजेंट्स को लेकर बड़ा साइबर खतरा, CERT-In ने भारतीय संगठनों को किया सतर्कपश्चिम एशिया में तनाव के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य पर बढ़ी चिंता, वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर नजरबिहार ब्रेकिंग न्यूज़, पढ़ें 17 अक्टूबर के मुख्य और ताजा समाचारChandauli News: बिहार भेजी जा रही 5200 लीटर डीजल बरामदPurnia News: किलकारी बिहार बाल भवन में डांडिया उत्सव की धूमSitamarhi News: सीमा सुरक्षा को समन्वय बढ़ाने पर जोरदिवाली और छठ पूजा के दौरान नहीं मिल रहा कंफर्म टिकट? इन ट्रेनों में करें ट्राई, रेलवे चला रहा पूजा स्पेशल ट्रेनेंसीमा पर तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, लैलोखर में 102 लीटर नेपाली शराब बरामदबिहार में सरकारी योजनाओं और विकास कार्यों पर जोर, विभागों की गतिविधियां तेजभारत और वेस्टइंडीज के बीच टी20 मुकाबले से पहले बढ़ी चुनौती, भारतीय टीम की गेंदबाजी पर उठे सवालदुर्गा पूजा के रंग में रंगा बॉलीवुड, काजोल ने परिवार के साथ मनाया उत्सवAI एजेंट्स को लेकर बड़ा साइबर खतरा, CERT-In ने भारतीय संगठनों को किया सतर्कपश्चिम एशिया में तनाव के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य पर बढ़ी चिंता, वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर नजरबिहार ब्रेकिंग न्यूज़, पढ़ें 17 अक्टूबर के मुख्य और ताजा समाचारChandauli News: बिहार भेजी जा रही 5200 लीटर डीजल बरामदPurnia News: किलकारी बिहार बाल भवन में डांडिया उत्सव की धूमSitamarhi News: सीमा सुरक्षा को समन्वय बढ़ाने पर जोरदिवाली और छठ पूजा के दौरान नहीं मिल रहा कंफर्म टिकट? इन ट्रेनों में करें ट्राई, रेलवे चला रहा पूजा स्पेशल ट्रेनें

Article Advertisement

Business

रुपये फिसले: 1 डॉलर = ₹90.42 — महंगाई और आयात महंगा, घरेलू असर संभव

नई दिल्ली: 4 दिसंबर 2025 को भारतीय रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले गिरकर ₹90.42 पर पहुँच गया — यह अब तक का सर्वकालिक नया निचला स्तर है। क्यों गिरी रुपये की कीमत? • इस गिरावट के पीछे मुख्य वजह है — विदेशी निवेश (FII) का लगातार बाहर जाना और पूंजी प्रवाह में कमी। • इसके साथ ही, आयात-मांग और डॉलर-डिमांड ब

रुपये फिसले: 1 डॉलर = ₹90.42 — महंगाई और आयात महंगा, घरेलू असर संभव

Article Advertisement

नई दिल्ली: 4 दिसंबर 2025 को भारतीय रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले गिरकर ₹90.42 पर पहुँच गया — यह अब तक का सर्वकालिक नया निचला स्तर है। क्यों गिरी रुपये की कीमत? • इस गिरावट के पीछे मुख्य वजह है — विदेशी निवेश (FII) का लगातार बाहर जाना और पूंजी प्रवाह में कमी। • इसके साथ ही, आयात-मांग और डॉलर-डिमांड बढ़ने से रुपये पर दबाव बढ़ा है — खासकर तेल, धातु, इलेक्ट्रॉनिक्स जैसी वस्तुओं के आयात से। • साथ ही, Reserve Bank of India (RBI) ने अब रुपये को किसी “निरपेक्ष स्तर” पर बनाए रखने की नीति छोड़ दी है; अब वे सिर्फ अत्यधिक उतार-चढ़ाव रोकने के लिए कदम उठा रहे हैं। आम आदमी और अर्थव्यवस्था पर असर जो चीज़ें डॉलर में आती हैं — जैसे कच्चा तेल, इलेक्ट्रॉनिक्स, आयातित सामान — उनकी कीमत बढ़ सकती है, जिससे महंगाई तेज हो सकती है। यात्राओं, विदेश खर्च, विदेश पढ़ाई या डॉलर में दायर लोन वालों पर असर पड़ेगा — उनकी लागत बढ़ जाएगी। आयात पर निर्भर उद्योगों की लागत बढ़ सकती है; वहीं, निर्यातकों को थोड़ा लाभ हो सकता है क्योंकि रुपये कमजोर होने से उनकी प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ती है। शेयर मार्केट और निवेशकों की धारणा पर असर पड़ा है — निवेशकों की बेच-तोड़ और अस्थिरता बढ़ने की संभावना अधिक है। क्या उम्मीद की जा सकती है आगे? विश्लेषकों का कहना है कि अगर विदेशी निवेश में बहाली नहीं हुई, और अंतरराष्ट्रीय व्यापार व डॉलर-डिमांड स्थिर नहीं हुई, तो रुपये की कमजोरी जारी रह सकती है; कुछ विश्लेषकों ने कहा है कि यह ₹91 तक जा सकता है। लेकिन दूसरी ओर, अगर पूंजी प्रवाह सुधारा गया और मुद्रा बाजार में स्थिरता आई — तो धीरे-धीरे रुपये में सुधार भी हो सकता है।

What do you think?

Leave a Comment

Article Bottom Advertisement

यह भी पढ़ें

Trending News

Most Read