पूर्णिया। जिले में अवैध हथियारों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। बनमनखी थाना क्षेत्र के देवोत्तर गांव में पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर एक घर से तीन कट्टा, एक जिंदा कारतूस और फायर किए गए कारतूस का एक खोखा बरामद किया है। पुलिस ने मौके से एक चाकू और मोबाइल फोन भी जब्त किया है।
इस मामले में पुलिस ने घर के आरोपी राजीव कुमार को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी से पूछताछ के आधार पर अब यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि बरामद हथियार उसके पास कहां से पहुंचे और इनके पीछे किसी सप्लाई नेटवर्क की भूमिका है या नहीं।
गुप्त सूचना के बाद घर पर छापेमारी
पुलिस के मुताबिक 22 सितंबर की रात सूचना मिली थी कि बनमनखी थाना क्षेत्र के देवोत्तर गांव में एक घर में हथियार छिपाकर रखे गए हैं।
सूचना मिलने के बाद अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी शैलेश प्रीतम के नेतृत्व में छापेमारी टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने देवोत्तर गांव के वार्ड संख्या नौ स्थित एक घर में छापेमारी की।
तलाशी के दौरान पुलिस को तीन कट्टा, एक जिंदा कारतूस, फायर किया गया एक कारतूस का खोखा, एक चाकू और मोबाइल फोन मिला।
हथियार मिलने के बाद जांच तेज
हथियार बरामद होने के बाद पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी। पुलिस के अनुसार इस मामले में बनमनखी थाना कांड संख्या 294/2026 दर्ज किया गया है।
जांच के दौरान पुलिस ने बुधवार सुबह आरोपी राजीव कुमार को उसके घर से गिरफ्तार किया।
पुलिस ने बताया कि आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया शुरू की गई है। अब जांच का अगला चरण हथियारों के स्रोत और इनके संभावित इस्तेमाल से जुड़े पहलुओं पर केंद्रित है।
कहां से आए हथियार, पुलिस खंगाल रही नेटवर्क
पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि तीनों हथियार आरोपी तक कैसे पहुंचे।
अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के अनुसार पुलिस मामले में बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज की जांच कर रही है। इसका मतलब है कि हथियार कहां से आए और इनके आगे किसी अन्य व्यक्ति या आपराधिक नेटवर्क से संबंध थे या नहीं, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है।
अगर जांच में किसी बड़े हथियार सप्लाई नेटवर्क की जानकारी सामने आती है तो पुलिस की कार्रवाई आगे और बढ़ सकती है।
मोबाइल फोन की भी जांच होगी
छापेमारी के दौरान मोबाइल फोन भी बरामद किया गया है। ऐसे मामलों में पुलिस डिजिटल और कॉल रिकॉर्ड से जुड़े साक्ष्यों की भी जांच कर सकती है।
मोबाइल में हथियारों की खरीद, बिक्री या किसी अन्य व्यक्ति से संपर्क से संबंधित जानकारी मिलने पर जांच को नई दिशा मिल सकती है।
हालांकि इस संबंध में पुलिस की ओर से अभी कोई अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है।
पूर्णिया में अवैध हथियारों पर पुलिस की नजर
पूर्णिया और आसपास के इलाकों में अवैध हथियारों की बरामदगी से जुड़े मामले समय-समय पर सामने आते रहे हैं। ऐसे में पुलिस की यह कार्रवाई केवल एक आरोपी की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रह सकती।
अगर हथियारों की सप्लाई करने वाले लोगों तक पुलिस पहुंचती है तो अवैध हथियारों के नेटवर्क की कड़ियां सामने आ सकती हैं।
आम लोगों के लिए भी यह सवाल महत्वपूर्ण है कि अवैध हथियार गांव और कस्बों तक कैसे पहुंच रहे हैं और इन्हें उपलब्ध कराने वाले लोगों पर कार्रवाई कितनी प्रभावी हो रही है।
अब आगे की जांच पर नजर
फिलहाल पुलिस ने हथियार बरामदगी के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। तीन कट्टा, कारतूस, खोखा, चाकू और मोबाइल की बरामदगी के बाद जांच आगे बढ़ रही है।
अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हथियारों का स्रोत क्या था और क्या इस मामले के पीछे कोई संगठित सप्लाई नेटवर्क काम कर रहा था।
जांच पूरी होने के बाद ही इस मामले की पूरी तस्वीर स्पष्ट होगी।
Seemanchal Live की नजर पूर्णिया में अवैध हथियारों से जुड़े इस मामले की आगे की पुलिस कार्रवाई और जांच के परिणाम पर बनी रहेगी।
आपके इलाके में अवैध हथियारों की समस्या को रोकने के लिए पुलिस को क्या कदम उठाने चाहिए? अपनी राय Seemanchal Live के साथ साझा करें।












