अपने जिले की आवाज़ बनें! Seemanchal Live में रिपोर्टर बनने के लिए अभी आवेदन करें।
BREAKING
सीमांचल में फिर बिगड़ेगा मौसम, अररिया-किशनगंज समेत कई जिलों में भारी बारिश का अलर्टजमुई कांड पर बिहार की राजनीति गरम, तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मांगा इस्तीफाबिहार में 32,388 शिक्षक पदों पर भर्ती, 25 सितंबर से आवेदन; एक परीक्षा और नेगेटिव मार्किंग का नया नियमAI खुद कर सकता है साइबर हमला? Google Gemini के टेस्ट ने बढ़ाई चिंताOTT पर इस हफ्ते लगेगा मनोरंजन का तड़का, Shaque से Toxic तक कई बड़े रिलीजमंगल पांडेय को असम, देवेश कुमार को अरुणाचल; BJP ने बिहार के इन नेताओं पर भी जताया भरोसागिरफ्तार करो इसको, ये कैसी हरकत..लड़कियों के करीब जाकर क्यों करता है स्टंट, लोगों का भड़का गुस्साजमुई यौन हिंसा मामला: मुठभेड़ के बाद मुख्य अभियुक्त गिरफ़्तार, अब तक क्या पता हैई-रिक्शा से 81 लीटर नेपाली शराब जब्त, तस्कर गिरफ्तार: SSB ने भारत-नेपाल सीमा पर की कार्रवाई, सीतामढ़ी का आर...SSB ने भारत-नेपाल सीमा पर की कार्रवाई, सीतामढ़ी का आरोपी पकड़ा गयाबिहार से बहुत बड़ी खबर, दारोगा भर्ती की लिखित परीक्षा रद्द, 27 मई को 2 पालियों में हुई थी आयोजितसीमांचल में फिर बिगड़ेगा मौसम, अररिया-किशनगंज समेत कई जिलों में भारी बारिश का अलर्टजमुई कांड पर बिहार की राजनीति गरम, तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मांगा इस्तीफाबिहार में 32,388 शिक्षक पदों पर भर्ती, 25 सितंबर से आवेदन; एक परीक्षा और नेगेटिव मार्किंग का नया नियमAI खुद कर सकता है साइबर हमला? Google Gemini के टेस्ट ने बढ़ाई चिंताOTT पर इस हफ्ते लगेगा मनोरंजन का तड़का, Shaque से Toxic तक कई बड़े रिलीजमंगल पांडेय को असम, देवेश कुमार को अरुणाचल; BJP ने बिहार के इन नेताओं पर भी जताया भरोसागिरफ्तार करो इसको, ये कैसी हरकत..लड़कियों के करीब जाकर क्यों करता है स्टंट, लोगों का भड़का गुस्साजमुई यौन हिंसा मामला: मुठभेड़ के बाद मुख्य अभियुक्त गिरफ़्तार, अब तक क्या पता हैई-रिक्शा से 81 लीटर नेपाली शराब जब्त, तस्कर गिरफ्तार: SSB ने भारत-नेपाल सीमा पर की कार्रवाई, सीतामढ़ी का आर...SSB ने भारत-नेपाल सीमा पर की कार्रवाई, सीतामढ़ी का आरोपी पकड़ा गयाबिहार से बहुत बड़ी खबर, दारोगा भर्ती की लिखित परीक्षा रद्द, 27 मई को 2 पालियों में हुई थी आयोजित

Article Advertisement

Sports

बोपन्ना और दिविज ओलंपिक में जगह बनाने से चूके

बोपन्ना और दिविज ओलंपिक में जगह बनाने से चूके नयी दिल्ली, 30 जून (भाषा) तोक्यो ओलंपिक की टेनिस स्पर्धा में पदक की भारत की उम्मीदों को झटका लगा जब रोहन बोपन्ना और दिविज शरण पुरुष युगल के लिए क्वालीफाई करने में नाकाम रहे। इसके साथ ही मिश्रित युगल में भी भारत की कोई जोड़ी नहीं होगी जहां देश के पास पदक

बोपन्ना और दिविज ओलंपिक में जगह बनाने से चूके

Article Advertisement

बोपन्ना और दिविज ओलंपिक में जगह बनाने से चूके नयी दिल्ली, 30 जून (भाषा) तोक्यो ओलंपिक की टेनिस स्पर्धा में पदक की भारत की उम्मीदों को झटका लगा जब रोहन बोपन्ना और दिविज शरण पुरुष युगल के लिए क्वालीफाई करने में नाकाम रहे। इसके साथ ही मिश्रित युगल में भी भारत की कोई जोड़ी नहीं होगी जहां देश के पास पदक जीतने का सर्वश्रेष्ठ मौका होता। संभावना थी कि 113 की खराब संयुक्त रैंकिंग के बाद बोपन्ना (38) और बायें हाथ के खिलाड़ी दिविज (75) का ओलंपिक में जगह बनाना बड़े पैमाने पर खिलाड़ियों के हटने पर निर्भर करता। अखिल भारतीय टेनिस संघ (एआईटीए) के सूत्र ने पीटीआई को बताया, ‘‘आईटीएफ (अंतरराष्ट्रीय टेनिस महासंघ) ने पुष्टि की है कि बोपन्ना और दिविज पुरुष युगल में टीम के रूप में प्रवेश नहीं कर सकते। हालांकि 16 जुलाई तक चीजों में बदलाव हो सकता है (अगर और अधिक खिलाड़ी हटते हैं तो)।’’ संपर्क करने पर एआईटीए के महासचिव अनिल धूपर ने कहा कि प्रविष्टियों की पूरी सूची हाथ में आने के बाद ही वह स्पष्ट तौर पर कुछ कह पाएंगे। सूत्रों के अनुसार अगर कुछ खिलाड़ी हटते भी हैं तो भी 24 सीधे प्रवेश में से 22 टीमों के लिए कट 60 से 70 के बीच रहने की उम्मीद है। हालांकि अंतिम क्वालीफाइंग रैंकिंग की पुष्टि अभी नहीं की जा सकती। अगर और अधिक खिलाड़ी हटते हैं तो भी भारत की पुरुष युगल में टीम होने की संभावना बेहद कम है। प्राथमिकता एकल रैंकिंग वाले खिलाड़ियों को दी जाएगी, इसके बाद एकल-युगल संयोजन और फिर युगल-युगल रैंकिंग संयोजन को जगह मिलेगी। काफी शीर्ष खिलाड़ी एकल ड्रॉ का हिस्सा नहीं है और युगल में भी लगातार खेलने वाले कम रैंकिंग वाले खिलाड़ी ओलंपिक में दो स्पर्धाओं में खेलने के मौके से नहीं चूकना चाहेंगे। प्रत्येक खिलाड़ी को दो स्पर्धाओं में हिस्सा लेने की स्वीकृति है। नियमों के अनुसार वही खिलाड़ी मिश्रित टीम स्पर्धा का हिस्सा हो सकते हैं जिन्होंने पहले ही किसी मुख्य ड्रॉ (एकल या युगल) में जगह बनाई हो। बोपन्ना को अगर महिला युगल में सानिया मिर्जा के साथ जोड़ी बनानी है तो उनके लिए पुरुष युगल में जगह बनाना अनिवार्य है। सानिया मिर्जा चौथी बार ओलंपिक में हिस्सा लेंगी। वह महिला युगल में अंकिता रैना के साथ जोड़ी बना रही हैं। सानिया और बोपन्ना 2016 में कांस्य पदक जीतने के करीब पहुंचे थे लेकिन कांस्य पदक के प्ले आफ मुकाबले में चेक गणराज्य के राडेक स्टेपनेक और लूसी हरादेका की जोड़ी के खिलाफ सीधे सेटों में हार गए। कोविड-19 महामारी के कारण कम टूर्नामेंटों के आयोजन से भारतीय खिलाड़ियों को अपनी रैंकिंग में सुधार करने के अधिक मौके नहीं मिले। साल की शुरुआत में बोपन्ना की रैंकिंग 38वीं थी जबकि दिविज 63वें स्थान पर थे। लिएंडर पेस और रमेश कृष्णन के बार्सीलोना में 1992 खेलों में हिस्सा लेने के बाद से हर बार भारत की पुरुष युगल जोड़ी ओलंपिक का हिस्सा थी। पेस इसके बाद काफी समय तक महेश भूपति के साथ खेले। पेस और बोपन्ना रियो ओलंपिक 2016 में उतरे लेकिन यह जोड़ी पहले ही दौर में हार गई।

What do you think?

Leave a Comment

Article Bottom Advertisement

यह भी पढ़ें

Trending News

Most Read